सौतेली माँ के टॉर्चर करने की वजह से छोड़ा था घर, 300 k.m. दूर जाकर बिना कपड़ो के घूमती दिखी बेटी

आज हम आपको एक ऐसी खबर से रूबरू करवाने वाले है, जिसके बारे में जान कर हर कोई हिल गया. बता दे कि ये खबर राजधानी के हजरतगंज इलाके की है. दरअसल इस इलाके में उस समय काफी हंगामा मच गया, जब लोगो ने एक नग्न लड़की को सड़क पर जाते हुए देखा. जी हां यक़ीनन ये सुन कर आपको भी हैरानी हो रही होगी, लेकिन ये सच है. बता दे कि ये अजीबोगरीब नजारा बुधवार को दोपहर के समय देखने को मिला. इसके इलावा अगर खबरों की माने तो ऐसा सुनने में आया है कि एक रिक्शा चालक इस लड़की को गलत नियत से अपने साथ कही लेकर जा रहा था. मगर उस लड़की की किस्मत अच्छी थी कि उसी दौरान वहां पुलिस वाले आ गए.

ऐसे में उस रिक्शा चालक ने जैसे ही पुलिस वालो को आते हुए देखा, वैसे ही वो लड़की को वहां छोड़ कर भाग गया. इसके साथ ही वहां मौके पर पहुंची समाज सेविका आराधना सिंह ने लड़की को किसी सुरक्षित जगह पर पहुंचा दिया और उसकी काफी मदद की. वही अगर खबरों की माने तो उम्मीद एनजीओ की ज्वॉइंट सेक्रटरी आराधना सिंह का कहना है कि उनके मोबाइल पर एक जर्नलिस्ट का फोन आया था. उसी ने फोन करके ये बताया था कि एक लड़की हजरतगंज में इलाहाबाद बैंक चौराहे के पास नग्न अवस्था में भटक रही है और उसकी हालत काफी बुरी है. आपको जान कर ताज्जुब होगा कि जर्नलिस्ट ने फोन पर ये भी बताया कि उस लड़की ने शरीर पर एक भी कपडा नहीं पहन रखा है.

ऐसे में किसी शख्स ने उसे ठंड से बचने के लिए एक कम्बल ही दे दिया. इसके बाद उस लड़की ने भी उस कम्बल को खुद पर ओड लिया. इसके साथ ही उस जर्नलिस्ट ने ये भी बताया कि कोई रिक्शा चालक इस लड़की को रेप करने के इरादे से अपने साथ लेकर जा रहा था. मगर इसी दौरान पुलिस वालो की नजर उस पर पड़ गयी. ऐसे में जब पुलिस वालो ने रिक्शा चालक को अपने पास बुलाया तब वो लड़की को वही छोड़ कर भाग गया. ऐसे में उम्मीद एनजीओ को सूचना दी गयी. जिसके बाद वो लोग मौके पर ही वहां पहुँच गए. बता दे कि उम्मीद एनजीओ ने फ़िलहाल उस लड़की को सड़क से ले जा कर मदर टेरेसा शेलटर होम में भर्ती करवा दिया है.

 

 

इसके इलावा आराधना सिंह का कहना है कि जब लड़की से पूछताछ की गयी, तब उसने अपना नाम सोफिया बताया है. बता दे कि सोफिया बीस साल की है और वाराणसी की रहने वाली है. इसके इलावा सोफिया ने बताया कि उसके पापा ने उसकी माँ के मर जाने के बाद दूसरी शादी कर ली थी. ऐसे में उसकी सौतेली माँ रोज उसकी पिटाई करती थी. जिसके चलते वो अपनी सौतेली माँ के टॉर्चर से काफी तंग आ गयी थी.

ऐसे में वो घर से तीन सौ किलोमीटर दूर भाग कर लखनऊ आ गयी. इसके साथ ही सोफिया ने बताया कि वो चारबाग से भटकते हुए हजरतगंज तक पहुँच गयी थी. ऐसे में जब पुलिस वालो ने उसे लावारिस भटकते हुए देखा तो उन्होंने उसे नगर निगम में रैन बसेरे में रहने के लिए भेज दिया था. हालांकि कुछ दिन तक वहां रहने के बाद वहां के लोग उसे तंग करने लगे थे. इसलिए वो वहां से निकल गयी और अब सोफिया उम्मीद एनजीओ के साथ ही जुडी हुई है.

इसके इलावा आराधना सिंह का कहना है कि सोफिया की मानसिक हालत भी ठीक नहीं है.इसलिए अभी उसे कॉउंसलिंग की जरूरत है. फ़िलहाल मदर टेरेसा होम में उसकी देखभाल की जा रही है.