अगर आप भी करते है एटीएम कार्ड का इस्तेमाल तो जान लीजिये यह नियम, रोज बचा सकते हैं हजारो रूपये

नोटबन्दी और जीसटी के बाद देशभर में हर तरफ सरकार तथा बैंक आदि की तरफ से कैशलेस लेनदेन को ज्यादा बढ़ावा दिया जा रहा है। देखा जाये तो लोगों ने इसके महत्व को समझा भी है और इस ओर तेज़ी से अपना समर्थन भी दिया है। बता दे की बैंक से संबन्धित कई तरह के नियम आदि है जिनके बारे में हम आज भी अनभिज्ञ है। आपको पता है सरकार ने हमारे लिए कितने सारे अधिकार दे रखे हैं, जैसे बोलने की आजादी, लेकिन शायद खरीददारी करते वक्त उपभोक्ता को जो अधिकार प्राप्त होते हैं उसके बारे में आपको जानकारी ना हो।

देखा जाए तो आज के समय में ज़्यादातर लोग ऑनलाइन खरीददारी पर ज्यादा ही ज़ोर देने लगे है, जिसके लिए वो या तो अपना डेबिट या फिर क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल करते है और कभी कभी उन्हे तय कीमत से ज्यादा भी चुकाना पड़ जाता है। बताना चाहेंगे की आप अपने डेबिट/क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल तो बेधड़क करते है मगर क्या आप इससे जुड़े कुछ अधिकारों के बारे में जानते है। अगर नहीं जानते तो आज जान लीजिये क्योंकि इससे आप प्रतिदिन अपने बहुत रुपये बचा सकते है।

असल में उपभोग्ताओं कंज्युमर्स को ऐसे कई अधिकार मिल हुए हैं जिसका इस्तेमाल कर वो ख़रीदारी के वक़्त अपने ढेर सारे पैसे बचा सकते है मगर जानकारी ना होने की वजह से वो ऐसा नहीं कर पाते। आपने देखा होगा की डेबिट/क्रेडिट कार्ड यूज करने के नाम पर मर्चेंट ग्राहकों से सर्विस चार्ज के तौर पर 2% एक्स्ट्रा पैसा वसूल लेते हैं, जबकि यह पैसा आपको देना ही नहीं होता फिर भी मर्चेंट आप से वसूलता है। ख़रीदारी छोटी हो तो वह नहीं समझ आता लेकिन अगर वही अमाउंट ज्यादा हो तो 2% एक मोटी रकम हो जाती है।

बता दे की किसी भी दुकान पर हम जिस स्वाइप मशीन का इस्तेमाल करते है उन्हें यह मशीन बैंक से लेना होता है और बैंक इस मशीन के किराए के रूप में उक्त दुकानदार से 2% चार्ज वसूल करता है मगर हमारी अधूरी जानकारी की वजह से वह दुकानदार यह चार्ज ग्राहक से ही वसूल लेता है। आपको बता दें कि इस मामले में आरबीआई काफी पहले एक सर्कुलर जारी कर चुका है, इसमें साफ कहा गया है कि कोई भी मर्चेंट ग्राहक से इस तरह से चार्ज वसूल नहीं कर सकता, यदि कोई ऐसा करता है तो आप इसकी शिकायत कंज्युमर फोरम में कर सकते हैं।